[the_ad_group id="40"]
[gtranslate]
[gtranslate]
[pj-news-ticker]

बाल्यावस्था में किया गया अभ्यास जीवन भर स्मरण रहता है :-चंदनकृष्ण शास्त्री


सियाराम बाबा की बगीची पर चल रही भागवत कथा में तीसरे दिन ध्रुव एवं भक्त प्रहलाद की कथा सुन कर भावविभोर हुए श्रद्धालू ।
फुलेरा (दामोदर कुमावत) श्रीरामनगर स्थित सियाराम बाबा की बगीची पर गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर चल रहे श्रीमद् भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ महोत्सव के दौरान बुद्धवार को प्रातः शिव रुद्राभिषेक के बाद दोपहर में व्यासपीठ से बालस्वरूप भगवताचार्य चंदन कृष्ण शास्त्री महाराज ने भागवत कथा के दौरान विभिन्न धार्मिक व मार्मिक वृतांत के साथ ही ध्रुव एवं भक्त प्रहलाद की कथा सुनाते हुए कहा की भक्ति की कोई उम्र नहीं होती तथा बाल्यावस्था में किया गया अभ्यास जीवन भर स्मरण रहता है

उन्होंने भक्त पहलाद की बचपन से ही ईश्वर भक्ति को बताते हुए कहा कि भगवान अपने भक्त के लिए सदैव तत्पर रहते हैं सच्चे मन लगन और करुणा से की गई भक्ति ईश्वर को प्रिय होती है और भगवान उनके दुख दर्द में सदैव तैयार रहते हैं, इसी प्रसंग के दौरान शास्त्री ने बताया कि भक्त पहलाद को बचाने के लिए भगवान ने नरसिंह अवतार लेकर खंभे को फाड़ कर अपने भक्तों को बचाया, उन्होंने बताया कि भक्त का अटूट विश्वास परमात्मा पर हो तो हर रूप में भगवान सहायता करते हैं। इस अवसर पर वृंदावन की जीवंत झांकियां भी सजाई गई, तथा संगीतमय कथा में विभिन्न मनभावन धुनों पर कथा सुनाई गई, जिसे सुनकर श्रद्धालु नर नारी पांडाल में झूम उठे। इस अवसर पर श्रद्धालु भक्तों ने कथा का आनंद लिया।

Leave a Comment

advertisement
[the_ad id="106"]
और पढ़ें
Voting Poll
[democracy id="2"]