

हाल ही में, उपसभापति अनिल खीचड़ के नेतृत्व में पूर्व पार्षदों ने नगरपरिषद प्रशासक एडीएम उम्मेदीलाल मीणा से मुलाकात की और सुरेशिया में खाली पड़ी नगरपरिषद की भूमियों पर भूमाफियों द्वारा किए जा रहे कब्जों के मुद्दे पर चर्चा की।
पार्षदों ने एक ज्ञापन सौंपकर मांग की कि नगरपरिषद की भूमि को पूर्ण विभागीय प्रक्रिया अपनाकर नगरपरिषद के कब्जे में करने की कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही, उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस मामले में कार्रवाई नहीं होती है, तो वे आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।
यह मामला हनुमानगढ में सरकारी भूमि पर कब्जे की बढ़ती समस्या को उजागर करता है, जो न केवल सरकारी संपत्ति के लिए खतरा है, बल्कि यह कानून व्यवस्था के लिए भी चुनौती पेश करता है।


Author: Aapno City News







